HP Employees News: बजट में बढ़े सिर्फ 300 रूपये, अब बिफरी ये वर्कर्स पंहुची विधानसभा... ddnewsportal.com

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HP Employees News: बजट में बढ़े सिर्फ 300 रूपये, अब बिफरी ये वर्कर्स पंहुची विधानसभा...

हिमाचल प्रदेश सरकार के दूसरे बजट में आशा वर्कर्ज के मानदेय में 300 रुपए का इजाफा हुआ है। वर्कर्स इस राशि को नाकाफी बताते हुए रोशित है। इस मामले को लेकर आशा वर्कर्ज बुधवार को अपना दुखड़ा सरकार को सुनाने के लिए विधानसभा पहुंचीं, जहां पर उनका कहना था कि बजट में सिर्फ 300 रुपए की बढ़ौतरी करके सरकार ने आशा वर्कर्ज के मुंह पर तमाचा मारा है। इसलिए सरकार को अपने इस फैसले पर पुनर्विचार करना चाहिए। आशा वर्कर्ज का कहना है कि उनकी राशि सिर्फ 300 रुपए बढ़ाई गई है जबकि इससे ज्यादा राशि तो महीने भर रिचार्ज में ही खर्च हो जाती है क्योंकि उन्हें हर दिन 6 एप यू-विन, आभा, आरसीएच, एनसीडी, आयुष्मान भारत, टीबी मुक्त हिमाचल पर ऑनलाइन काम करना पड़ता है।


आशा यूनियन की प्रदेशाध्यक्ष सत्या रांटा ने कहा कि शुरू में जब आशा वर्कर्ज को नियुक्त किया गया था, उस समय आशा वर्कर्ज को सिर्फ जच्चा-बच्चा की देखभाल के लिए रखा था और साथ में कहा गया था कि इससे आशा वर्कर्ज का घर का काम बाधित नहीं होना चाहिए लेकिन वस्तुस्थिति अब इसके विपरीत है क्योंकि 24 घंटे काम का बोझ बहुत ज्यादा है और न कोई त्यौहार की छुट्टी, न कोई रविवार की छुट्टी है, वहीं प्रसव के बाद भी आशा वर्कर्ज को कोई छुट्टी नहीं मिलती। सारे काम लोगों के घर-घर जाकर होते हैं और एक घर से दूसरे घर जाने में भी एक घंटे का समय लग जाता है लेकिन विभाग द्वारा कहा जाता है कि एक दिन में 20 घर का टारगेट पूरा करना है जोकि मुश्किल है।


सत्या रांटा ने कहा कि जिस हिसाब से आशा वर्कर्ज से काम लिया जा रहा है, उनका मानदेय 20 से 30 हजार होना चाहिए लेकिन 2024 के बजट में सिर्फ 300 रुपए बढ़ाकर आशा वर्कर्ज के काम करने के हौसले को तोड़कर रख दिया है। इसे देखकर प्रतीत होता है कि या तो सरकार को उनके कार्यों की जानकारी नहीं है या फिर विभाग द्वारा आशा वर्कर्ज के काम का सही फीडबैक नहीं दिया जा रहा है।