Paonta Sahib: हीलिंग पृथ्वी ने पांवटा साहिब के दो स्कूलों में ई-वेस्ट जागरूकता सत्र किए आयोजित, 200 विद्यार्थियों ने ली शपथ ddnewsportal.com

Paonta Sahib: हीलिंग पृथ्वी ने पांवटा साहिब के दो स्कूलों में ई-वेस्ट जागरूकता सत्र किए आयोजित, 200 विद्यार्थियों ने ली शपथ ddnewsportal.com

Paonta Sahib: हीलिंग पृथ्वी ने पांवटा साहिब के दो स्कूलों में ई-वेस्ट जागरूकता सत्र किए आयोजित, 200 विद्यार्थियों ने ली शपथ

अंतरराष्ट्रीय ई-वेस्ट जागरूकता दिवस के अवसर पर हिमाचल प्रदेश पंजीकृत एनजीओ हीलिंग पृथ्वी (Healing Prithvi) ने पांवटा साहिब के दो विद्यालयों में ई-वेस्ट जागरूकता सत्र आयोजित किए। लगभग 200 विद्यार्थियों ने इलेक्ट्रॉनिक कचरे के जिम्मेदार प्रबंधन की शपथ ली।

इस वर्ष की थीम “Fast Tech: Don’t Bin It, Bring It!” के तहत विद्यार्थियों को बताया गया कि पुराने मोबाइल, चार्जर, ईयरफोन, केबल और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों को सामान्य कचरे में फेंकने के बजाय अलग एकत्र कर उचित रीसाइक्लिंग व्यवस्था तक पहुँचाना चाहिए।

अनुचित तरीके से ई-वेस्ट फेंकने, जलाने या तोड़ने से सीसा (Lead), पारा (Mercury) और कैडमियम (Cadmium) जैसे हानिकारक पदार्थ पर्यावरण में फैल सकते हैं। इनका संपर्क मानव स्वास्थ्य, विशेषकर मस्तिष्क, तंत्रिका तंत्र और गुर्दों को नुकसान पहुँचा सकता है। वहीं, उचित रीसाइक्लिंग के माध्यम से पुराने इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से सोना, चाँदी और ताँबा जैसी मूल्यवान धातुएँ वापस प्राप्त की जा सकती हैं। जापान के टोक्यो 2020 ओलंपिक में पुराने इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों से प्राप्त धातुओं का उपयोग लगभग 5,000 ओलंपिक एवं पैरालंपिक पदक बनाने में किया गया था।

पहला सत्र PMSHRI राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, पांवटा साहिब में आयोजित हुआ। इस अवसर पर उप-प्रधानाचार्य कांता शर्मा, ईको क्लब प्रभारी विनय तोमर एवं वंदना चौधरी उपस्थित रहीं।

दूसरा सत्र विद्यापीठ वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, केदारपुर में आयोजित किया गया। विद्यालय के निदेशक एन.एम. वर्मा, अध्यक्ष कपिल वर्मा, प्रधानाचार्या रेनू वर्मा, समन्वयक अभिनव भास्कर एवं मनीषा देवी ने इस पहल में सहयोग दिया।

हीलिंग पृथ्वी की अध्यक्ष नरिंदर कौर सैनी ने विद्यार्थियों से आग्रह किया कि वे इस जागरूकता को अपने परिवार, मित्रों और समुदाय तक पहुँचाएँ। उन्होंने कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी यदि कुछ अन्य लोगों को जागरूक करे, तो यह प्रयास एक बड़े जन-अभियान का रूप ले सकता है।

हीलिंग पृथ्वी की सचिव स्मृति वर्मा ने कहा कि ई-वेस्ट का जिम्मेदार प्रबंधन घर और स्कूल से शुरू होता है। इसी दिशा में हिम वेस्ट बैंक (Him Waste Bank) समुदाय को ई-वेस्ट संग्रहण से जोड़ने की पहल है। इच्छुक विद्यार्थी और परिवार पंजीकरण कर अपने पुराने इलेक्ट्रॉनिक उपकरण अलग एकत्र कर सकते हैं और निर्धारित निर्देशों के अनुसार जमा करने की प्रक्रिया में भाग ले सकते हैं, ताकि उन्हें उचित रीसाइक्लिंग व्यवस्था तक पहुँचाने में मदद मिले। कार्यक्रम का संदेश रहा: “मेरा कचरा, मेरी जिम्मेदारी — Don’t Bin It, Bring It!”